आजमगढ़: 22 साल पुराने हत्या केस में दोषी को उम्रकैद, ऑपरेशन कनविक्शन की बड़ी सफलता

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Savan Nayak
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Savan Nayak is the Bureau Chief for Uttar Pradesh at News Report, a registered Hindi newspaper. He specializes in ground reporting on crime, law and order,...
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आजमगढ़ पुलिस और कोर्ट की कार्रवाई के बाद दोषी को उम्रकैद की सजा

जनपद आजमगढ़ में ऑपरेशन कनविक्शन अभियान के तहत पुलिस की प्रभावी विवेचना, मॉनिटरिंग सेल की सतत निगरानी और अभियोजन की मजबूत पैरवी का बड़ा परिणाम सामने आया है। लगभग 22 वर्ष पुराने हत्या के एक गंभीर मामले में माननीय न्यायालय ने अभियुक्त को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास और 1,05,000 रुपये के अर्थदंड से दंडित किया है। यह फैसला कानून व्यवस्था के प्रति पुलिस प्रशासन की प्रतिबद्धता और न्यायिक प्रक्रिया की मजबूती को दर्शाता है।

यह मामला थाना रानी की सराय से संबंधित है, जहां दिनांक 30.03.2003 को वादी मुकदमा जितेन्द्र यादव पुत्र स्वर्गीय हरिलाल यादव, निवासी ग्राम दौलतपुर, थाना मेहनगर, जनपद आजमगढ़ द्वारा लिखित तहरीर दी गई थी। तहरीर में आरोप लगाया गया कि दिनांक 29.03.2003 की सायं अभियुक्तगण द्वारा उनके पिता हरिलाल यादव को उनके घर से पकड़कर पूछताछ के लिए थाना रानी की सराय ले जाया गया था।

आरोप के अनुसार उस समय थाना रानी की सराय के तत्कालीन थानाध्यक्ष जयेन्द्र कुमार सिंह पुत्र विरेन्द्र कुमार सिंह निवासी ग्राम छितौनी थाना चौबेपुर जनपद वाराणसी तथा हेड कांस्टेबल प्रोन्नत नरेन्द्र बहादुर सिंह (अब मृत) द्वारा वादी के पिता को थाने में अवैध रूप से रोका गया। रात्रि लगभग 10.00 बजे, आरोप है कि थानाध्यक्ष जयेन्द्र कुमार सिंह के उकसाने पर हेड कांस्टेबल नरेन्द्र बहादुर सिंह ने रिवाल्वर से गोली मार दी। इस घटना में हरिलाल यादव गंभीर रूप से घायल हो गए।

घटना के बाद घायल अवस्था में हरिलाल यादव को उपचार के लिए सदर अस्पताल आजमगढ़ ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। इस घटना से पूरे क्षेत्र में सनसनी फैल गई थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए थाना रानी की सराय पर मु0अ0सं0-105/2003 धारा 302, 342, 504 भादवि के अंतर्गत अभियोग पंजीकृत किया गया।

पुलिस द्वारा मामले की विवेचना पूरी कर अभियुक्त के विरुद्ध आरोप पत्र माननीय न्यायालय में दाखिल किया गया। मुकदमे के दौरान अभियोजन पक्ष द्वारा कुल 11 गवाहों को परीक्षित कराया गया। गवाहों के बयान, साक्ष्य और अभियोजन की प्रभावी पैरवी के आधार पर न्यायालय में मामला मजबूती से प्रस्तुत किया गया। ऑपरेशन कनविक्शन अभियान के तहत इस मुकदमे की लगातार मॉनिटरिंग की गई, जिससे सुनवाई में किसी प्रकार की शिथिलता न आए।

सभी साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर दिनांक 04.02.2026 को माननीय जनपद न्यायाधीश न्यायालय आजमगढ़ ने निर्णय सुनाते हुए अभियुक्त जयेन्द्र कुमार सिंह को दोषसिद्ध पाया। न्यायालय ने अभियुक्त को आजीवन कारावास तथा 1,05,000 रुपये के अर्थदंड से दंडित किया। इस निर्णय को पीड़ित परिवार के लिए न्याय की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है।

पुलिस प्रशासन का कहना है कि ऑपरेशन कनविक्शन अभियान का उद्देश्य गंभीर अपराधों में दोषियों को सजा दिलाना है, ताकि पीड़ित परिवारों को न्याय मिल सके और समाज में कानून के प्रति विश्वास बना रहे। आजमगढ़ पुलिस ने स्पष्ट किया है कि भविष्य में भी ऐसे मामलों में गुणवत्तापूर्ण विवेचना और प्रभावी पैरवी के माध्यम से दोषियों को सजा दिलाने का प्रयास लगातार जारी रहेगा।

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Savan Nayak is the Bureau Chief for Uttar Pradesh at News Report, a registered Hindi newspaper. He specializes in ground reporting on crime, law and order, public administration, and social issues. With a strong focus on factual accuracy and public interest journalism, he contributes investigative and field-based stories from across Uttar Pradesh.