ऑपरेशन कनविक्शन: वाराणसी पॉक्सो मामले में दोषी को 20 साल की सज़ा, 55 हजार जुर्माना

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Dilip Kumar
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वाराणसी में पॉक्सो मामले में दोषी को 20 साल की सज़ा सुनाई गई।

ऑपरेशन कनविक्शन के तहत आदमपुर थाने के पॉक्सो मामले में अभियुक्त को 20 वर्ष का कठोर कारावास

विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट ने सुनाई सजा, 55 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया

वाराणसी, 23 फरवरी 2026। जनपद में चलाए जा रहे विशेष अभियान “ऑपरेशन कनविक्शन” के तहत कमिश्नरेट वाराणसी पुलिस को एक महत्वपूर्ण सफलता प्राप्त हुई है। थाना आदमपुर में पंजीकृत पॉक्सो एक्ट से संबंधित प्रकरण में प्रभावी पैरवी के परिणामस्वरूप मा० न्यायालय विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो एक्ट), वाराणसी ने अभियुक्त विजय कुमार यादव पुत्र स्व० बच्चन लाल यादव निवासी मुकीमगंज, थाना आदमपुर, वाराणसी को 20 वर्ष के सश्रम कारावास तथा 55 हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया है।

यह निर्णय थाना आदमपुर में पंजीकृत मुकदमा अपराध संख्या 0134/2020 धारा 376(3), 506 भादवि, 5n/6 पॉक्सो एक्ट एवं 3/4(2) पॉक्सो एक्ट के अंतर्गत दर्ज प्रकरण में साक्ष्यों के आधार पर सुनाया गया। अभियुक्त के विरुद्ध गंभीर धाराओं में आरोप सिद्ध होने के बाद न्यायालय ने कठोर दंड का आदेश दिया।

ऑपरेशन कनविक्शन के तहत प्रभावी पैरवी

प्रदेश भर में चलाए जा रहे “ऑपरेशन कनविक्शन” अभियान के अंतर्गत पुलिस आयुक्त कमिश्नरेट वाराणसी श्री मोहित अग्रवाल द्वारा निरंतर समीक्षा एवं मार्गदर्शन प्रदान किया जा रहा है। इस अभियान का उद्देश्य गंभीर अपराधों में त्वरित और प्रभावी अभियोजन सुनिश्चित कर दोषियों को सजा दिलाना है। कमिश्नरेट वाराणसी पुलिस द्वारा इस प्रकरण में गुणवत्तापूर्ण विवेचना की गई। साक्ष्यों का वैज्ञानिक संकलन, गवाहों की सुसंगत प्रस्तुति तथा लोक अभियोजक के साथ समन्वय स्थापित कर न्यायालय में प्रभावी पैरवी की गई। इसी के परिणामस्वरूप अभियुक्त को दोषसिद्ध कर सजा दिलाई जा सकी।

साक्ष्यों के आधार पर दोष सिद्ध

न्यायालय में प्रस्तुत साक्ष्यों, पीड़िता के बयान, चिकित्सीय परीक्षण रिपोर्ट तथा अन्य दस्तावेजी प्रमाणों के आधार पर अभियुक्त के विरुद्ध आरोप सिद्ध पाए गए। न्यायालय ने अपराध की गंभीरता को ध्यान में रखते हुए 20 वर्ष के सश्रम कारावास की सजा सुनाई तथा 55 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया। अर्थदंड अदा न करने की स्थिति में अतिरिक्त दंड का प्रावधान भी आदेश में शामिल है।

कमिश्नरेट पुलिस की महत्वपूर्ण भूमिका

अभियुक्त को सजा दिलाने में कमिश्नरेट वाराणसी के संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही। विवेचक अधिकारी द्वारा समयबद्ध और तथ्यात्मक जांच की गई, जबकि अभियोजन पक्ष ने न्यायालय में सशक्त पैरवी प्रस्तुत की। पुलिस और अभियोजन के समन्वित प्रयास से यह परिणाम संभव हो सका। पुलिस प्रशासन ने कहा है कि महिला एवं बाल अपराधों के मामलों में शून्य सहनशीलता की नीति अपनाई जा रही है। ऐसे अपराधों में दोषियों को शीघ्र और कठोर दंड दिलाना प्राथमिकता है।

अपराधियों के विरुद्ध सख्त रुख

ऑपरेशन कनविक्शन अभियान के अंतर्गत गंभीर अपराधों के मुकदमों की नियमित समीक्षा की जा रही है। प्रत्येक प्रकरण में विवेचना की गुणवत्ता, साक्ष्य संकलन और न्यायालय में प्रभावी प्रस्तुति पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। कमिश्नरेट वाराणसी पुलिस ने स्पष्ट किया है कि भविष्य में भी इस प्रकार की कार्रवाई जारी रहेगी और अपराधियों को कानून के दायरे में लाकर सजा दिलाई जाएगी।