जनपद सोनभद्र में शनिवार को तहसील दिवस के अवसर पर प्रशासनिक सक्रियता देखने को मिली। तहसील दुद्धी परिसर में आयोजित तहसील दिवस में बी एन सिंह जिलाधिकारी सोनभद्र और अभिषेक वर्मा पुलिस अधीक्षक सोनभद्र ने संयुक्त रूप से जन शिकायतों की सुनवाई की। इस दौरान बड़ी संख्या में फरियादी अपनी समस्याएं लेकर पहुंचे और अधिकारियों के समक्ष अपनी बात रखी।
तहसील दिवस के दौरान जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक ने फरियादियों की समस्याओं को गंभीरता से सुना। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी शिकायतों का निस्तारण निष्पक्ष त्वरित और न्यायोचित ढंग से किया जाए। अधिकारियों को यह भी कहा गया कि शिकायतों के समाधान में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और समयबद्ध कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
भूमि संबंधी मामलों को लेकर जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक ने विशेष दिशा निर्देश जारी किए। उन्होंने कहा कि भूमि विवादों में राजस्व और पुलिस विभाग की संयुक्त टीम बनाकर समन्वय के साथ कार्रवाई की जाए। इसका उद्देश्य यह है कि फरियादियों को अलग अलग कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें और उनकी समस्याओं का समाधान एक ही मंच पर हो सके। प्रशासन का मानना है कि संयुक्त कार्रवाई से विवादों का त्वरित और स्थायी समाधान संभव हो पाएगा।
तहसील दिवस के क्रम में जनपद की अन्य तहसीलों में भी जन समस्याओं की सुनवाई की गई। अनिल कुमार अपर पुलिस अधीक्षक मुख्यालय एवं राजेश कुमार राय क्षेत्राधिकारी दुद्धी द्वारा तहसील दुद्धी में फरियादियों की समस्याएं सुनी गईं। वहीं रणधीर कुमार मिश्रा क्षेत्राधिकारी नगर ने तहसील सदर में जन शिकायतों पर सुनवाई करते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए। इसी तरह तहसील ओबरा में क्षेत्राधिकारी ओबरा द्वारा जन समस्याओं के निस्तारण के लिए कार्रवाई की गई।
प्रशासनिक अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि तहसील दिवस का उद्देश्य आम जनता की समस्याओं को सीधे सुनकर उनका समाधान करना है। उन्होंने कहा कि शासन की मंशा है कि जन समस्याओं का समाधान स्थानीय स्तर पर ही हो और लोगों को अनावश्यक परेशानियों का सामना न करना पड़े। इसी भावना के साथ अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि शिकायतों के निस्तारण की प्रगति की नियमित समीक्षा की जाए।
तहसील दिवस के दौरान मौजूद फरियादियों ने भी प्रशासन की इस पहल की सराहना की। लोगों का कहना था कि जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक की संयुक्त मौजूदगी से उनकी शिकायतों को गंभीरता से सुना गया और उन्हें समाधान की उम्मीद जगी है। प्रशासन ने भरोसा दिलाया कि जिन मामलों का मौके पर निस्तारण संभव नहीं है, उन्हें प्राथमिकता के आधार पर जल्द निपटाया जाएगा।
जनपद प्रशासन का कहना है कि आगे भी तहसील दिवस के माध्यम से जन संवाद को मजबूत किया जाएगा और शासन की योजनाओं का लाभ आम जनता तक पारदर्शी तरीके से पहुंचाया जाएगा।
