वाराणसी के वरुणा जोन में एनडीपीएस एक्ट के एक मामले में प्रभावी पैरवी के चलते अदालत ने आरोपी को दोषसिद्ध करार देते हुए सजा सुनाई है। यह कार्रवाई पुलिस द्वारा चलाए जा रहे ऑपरेशन कन्विक्शन के तहत की गई जिसमें पुराने मामलों में मजबूत साक्ष्य और सटीक पैरवी के जरिए दोषियों को दंड दिलाने पर जोर दिया जा रहा है। थाना रोहनियां में पंजीकृत एनडीपीएस एक्ट के इस प्रकरण में पुलिस की सतर्कता और कानूनी तैयारी का सीधा असर फैसले में देखने को मिला।
जानकारी के अनुसार थाना रोहनियां कमिश्नरेट वाराणसी में दर्ज मुकदमा संख्या शून्य शून्य चार दो हजार बाईस धारा आठ बीस एनडीपीएस एक्ट से संबंधित आरोपी आशीष राजभर पुत्र दया राजभर निवासी ग्राम कनेरी थाना रोहनियां को न्यायालय ने दोषी पाया। प्रकरण की सुनवाई माननीय अपर सत्र न्यायालय शून्य पांच वाराणसी में हुई जहां आज दिनांक उनतीस जनवरी दो हजार छब्बीस को फैसला सुनाया गया।
अदालत ने आरोपी को धारा आठ बीस एनडीपीएस एक्ट के अंतर्गत आठ माह के कारावास और कुल पांच हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है। न्यायालय ने यह भी स्पष्ट किया कि यदि आरोपी अर्थदंड की राशि जमा नहीं करता है तो उसे दस दिन का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। यह सजा थाना रोहनियां के प्रभारी निरीक्षक और मॉनिटरिंग सेल वाराणसी द्वारा की गई प्रभावी पैरवी के परिणामस्वरूप संभव हो सकी।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि ऑपरेशन कन्विक्शन के तहत लंबित मामलों में सशक्त पैरवी कर दोषियों को सजा दिलाने का अभियान लगातार जारी रहेगा। एनडीपीएस जैसे गंभीर मामलों में सख्ती बरतते हुए समाज को नशा मुक्त बनाने की दिशा में यह एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
