Tue, 13 Jan 2026 16:13:42 - By : SANDEEP KR SRIVASTAVA
वाराणसी (रामनगर): संत शिरोमणि गुरु रविदास जी की पावन नगरी सीर गोवर्धनपुर (वार्ड नंबर 23) में बिजली विभाग की घोर लापरवाही और लचर कार्यशैली के खिलाफ आज जन-आक्रोश की चिंगारी भड़क उठी। इलाके में लंबे समय से जर्जर हो चुके बिजली के खंभे और मकड़जाल की तरह लटकते नंगे तार स्थानीय निवासियों के लिए 'मौत का फंदा' बने हुए थे। आए दिन होने वाली स्पार्किंग और खंभों के गिरने के डर ने लोगों की नींद उड़ा रखी थी। स्थानीय नागरिकों द्वारा बार-बार गुहार लगाने और लिखित शिकायतें देने के बावजूद जब विभाग के अधिकारियों ने अपनी आंखें मूंदे रखीं, तो आज सब्र का बांध टूट गया। अपनी जान-माल की सुरक्षा के लिए एकजुट हुए नागरिकों ने रामनगर स्थित बिजली विभाग के एसडीओ कार्यालय का घेराव कर जोरदार प्रदर्शन किया और सोए हुए प्रशासन को जगाने का काम किया।
धरना स्थल पर माहौल उस वक्त और भी गरम हो गया जब प्रदर्शनकारियों ने साफ कर दिया कि अब उन्हें कोरे आश्वासन नहीं, बल्कि ठोस कार्रवाई चाहिए। जनता के इस उग्र तेवर और भारी विरोध को देखते हुए एसडीओ को स्वयं बाहर आकर लोगों से बात करनी पड़ी। काफी देर तक चली गहमागहमी के बाद, एसडीओ ने अपनी कुर्सी की गरिमा और जनता के गुस्से को भांपते हुए लिखित और मौखिक आश्वासन दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि अगले 2 दिनों के भीतर मरम्मत का कार्य युद्धस्तर पर शुरू कर दिया जाएगा और 10 दिनों के अंदर वार्ड नंबर 23 के सभी जर्जर खंभों को पूरी तरह बदल दिया जाएगा। इस ठोस भरोसे के बाद ही प्रदर्शनकारियों का गुस्सा शांत हुआ।
इस आंदोलन को धार देते हुए बाबा साहब अंबेडकर वाहिनी (सपा) के महानगर अध्यक्ष अमन यादव ने विभाग को चेतावनी भरे लहजे में कहा कि यह प्रदर्शन तो अंगड़ाई है, आगे और लड़ाई है। उन्होंने कहा, "हमने प्रशासन को समय दिया है, लेकिन अगर तय सीमा के भीतर काम पूरा नहीं हुआ, तो बिजली विभाग के खिलाफ ऐसा उग्र जन-आंदोलन होगा जिसकी गूंज पूरे जिले में सुनाई देगी। किसी भी हादसे की पूरी जिम्मेदारी अब सीधे तौर पर विभाग और संबंधित अधिकारियों की होगी।"
वहीं, प्रदर्शन में मुख्य भूमिका निभा रहे बाबा साहब अंबेडकर वाहिनी के जिला अध्यक्ष जितेन्द्र यादव उर्फ मालिक ने विभाग की कार्यशैली पर तीखा प्रहार किया। उन्होंने गरजते हुए कहा, कि "बिजली विभाग के अधिकारी शायद किसी बड़े हादसे का इंतजार कर रहे थे। हम आम जनता की जान की कीमत को फाइलों में दबने नहीं देंगे। आज हमने शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रखी है, लेकिन अगर एसडीओ साहब का वादा झूठा साबित हुआ, तो हम कार्यालय में तालाबंदी करने से भी पीछे नहीं हटेंगे। यह लड़ाई अब आर-पार की है, और जब तक एक-एक जर्जर खंभा नहीं बदल जाता, हम चैन से नहीं बैठेंगे।" जितेन्द्र यादव उर्फ मालिक के इस बेबाक बयान ने उपस्थित जनसमूह में नया जोश भर दिया।
अंत में एसडीओ के आश्वासन पर धरना समाप्त किया गया, लेकिन क्षेत्र के लोगों ने स्पष्ट कर दिया है कि वे हर दिन काम की निगरानी करेंगे। इस विरोध प्रदर्शन में मुख्य रूप से जिला अध्यक्ष जितेन्द्र यादव उर्फ मालिक, महानगर अध्यक्ष अमन यादव, नरेश यादव, आरती यादव, इजमामुल खान, लाल बहादुर यादव, हंसराज चौहान, भरत कुमार, विनोद यादव और सौरभ आनंद समेत बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक और कार्यकर्ता उपस्थित रहे।