यूरोपीय संघ की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लेयन ने भारत की वैश्विक भूमिका को रेखांकित करते हुए कहा है कि एक सफल भारत पूरी दुनिया को अधिक स्थिर, समृद्ध और सुरक्षित बनाता है। उनका यह बयान ऐसे समय में आया है जब भारत और यूरोपीय संघ के बीच एक ऐतिहासिक व्यापार समझौते को अंतिम रूप दिए जाने की प्रक्रिया चल रही है, जिसे दोनों पक्षों के लिए बेहद अहम माना जा रहा है।
उर्सुला वॉन डेर लेयन तीन दिवसीय भारत दौरे पर हैं और वह भारत के 77वें गणतंत्र दिवस समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुईं। इस अवसर को उन्होंने अपने जीवन का एक विशेष सम्मान बताया। उनके साथ यूरोपीय काउंसिल के अध्यक्ष एंटोनियो कोस्टा भी भारत दौरे पर मौजूद हैं। दोनों नेताओं की उपस्थिति को भारत और यूरोपीय संघ के रिश्तों में एक नए अध्याय के रूप में देखा जा रहा है।
गणतंत्र दिवस समारोह के बाद सोशल मीडिया मंच एक्स पर साझा संदेश में उर्सुला वॉन डेर लेयन ने कहा कि भारत की सफलता केवल भारत तक सीमित नहीं रहती, बल्कि उसका सकारात्मक प्रभाव वैश्विक स्थिरता और सुरक्षा पर भी पड़ता है। उन्होंने कहा कि एक मजबूत और समृद्ध भारत से पूरी दुनिया को लाभ होता है।
भारत दौरे के दौरान उर्सुला वॉन डेर लेयन की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ अहम शिखर वार्ता प्रस्तावित है। इस बैठक में भारत और यूरोपीय संघ के बीच लंबे समय से लंबित व्यापक व्यापार समझौते पर चर्चा होगी। इस संभावित समझौते को दोनों पक्षों ने मदर ऑफ ऑल डील्स के रूप में देखा है, जिससे व्यापार, निवेश, तकनीक और रणनीतिक सहयोग के नए रास्ते खुलने की उम्मीद है।
कूटनीतिक सूत्रों के अनुसार यह व्यापार समझौता न केवल आर्थिक सहयोग को मजबूत करेगा, बल्कि वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला, हरित ऊर्जा, डिजिटल तकनीक और सुरक्षा सहयोग जैसे क्षेत्रों में भी भारत और यूरोपीय संघ के रिश्तों को नई मजबूती देगा। दोनों पक्ष इस समझौते को भविष्य की वैश्विक चुनौतियों से निपटने के लिए एक साझा रणनीति के रूप में देख रहे हैं।
कुल मिलाकर, यूरोपीय संघ की अध्यक्ष का यह बयान और उनका भारत दौरा भारत की बढ़ती अंतरराष्ट्रीय भूमिका और यूरोप के साथ गहराते रणनीतिक संबंधों को स्पष्ट रूप से दर्शाता है।
