आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे पर घने कोहरे में दो स्लीपर बसें टकराईं, 5 घायल

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इटावा के नगला बरी गांव के पास घने कोहरे में दो स्लीपर बसों की टक्कर के बाद राहत-बचाव कार्य।

आगरा लखनऊ एक्सप्रेसवे पर इटावा जनपद के नगला बरी गांव के पास शुक्रवार तड़के घने कोहरे के कारण दो स्लीपर बसों की आपस में टक्कर हो गई। हादसा सुबह करीब चार बजे हुआ, जब आगे चल रहे एक ट्रक के चालक ने अचानक ब्रेक लगा दिए। कम दृश्यता के कारण पीछे चल रही पहली बस ट्रक से टकरा गई और उसके तुरंत बाद पीछे से आ रही दूसरी बस पहली बस में जा भिड़ी। इस दुर्घटना में दोनों बसों के चालक, परिचालक और एक यात्री सहित कुल पांच लोग मामूली रूप से घायल हो गए।

प्राप्त जानकारी के अनुसार पहली स्लीपर बस दिल्ली से आजमगढ़ जा रही थी। बस चालक विकास कुमार दिल्ली से आजमगढ़ की ओर जा रहे थे और उनके साथ परिचालक दीपू मौजूद था। बस में उस समय चार यात्री सवार थे। जैसे ही बस नगला बरी गांव के पास पहुंची, आगे चल रहे ट्रक के अचानक ब्रेक लगाने और घने कोहरे के कारण बस उससे टकरा गई। इसी दौरान पीछे से आ रही दूसरी स्लीपर बस, जिसमें करीब 40 यात्री सवार थे, पहली बस से टकरा गई। इस दूसरी बस के चालक हवलदार और परिचालक सलमान को भी चोटें आईं।

हादसे के समय सर्दी और कोहरे के कारण अधिकतर यात्री सो रहे थे। टक्कर के बाद बसों के भीतर यात्री एक दूसरे के ऊपर गिर पड़े, जिससे कुछ देर के लिए चीख पुकार मच गई। घायल होने वालों में एक यात्री कृष्ण प्रसाद भी शामिल हैं। सभी घायलों को हल्की चोटें आई हैं और किसी की हालत गंभीर नहीं बताई गई है। दोनों बसों का अगला हिस्सा दुर्घटना में क्षतिग्रस्त हो गया।

सूचना मिलते ही Uttar Pradesh Expressways Industrial Development Authority के सुरक्षा अधिकारी राजेंद्र प्रसाद पांडे, सहायक सुरक्षा अधिकारी अशोक कुमार मिश्रा और थाना चौबिया पुलिस मौके पर पहुंची। राहत और बचाव कार्य तत्काल शुरू कराया गया। घायलों को उपचार के लिए Uttar Pradesh University of Medical Sciences सैफई भेजा गया। दुर्घटनाग्रस्त दोनों बसों को एक्सप्रेसवे से हटाकर चौपला कट प्वाइंट पर खड़ा कराया गया, जिससे यातायात को सुचारू किया जा सके।

हादसे के बाद नगला बरी गांव के ग्रामीणों की भूमिका भी सराहनीय रही। तेज धमाके की आवाज सुनकर बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंचे और पीछे से आ रहे वाहनों को समय रहते सचेत किया। ग्रामीणों ने चिल्लाकर और हाथ हिलाकर अन्य वाहनों को दुर्घटनाग्रस्त बसों से टकराने से रोका और यात्रियों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाने में मदद की।

इस संबंध में सहायक सुरक्षा अधिकारी अशोक कुमार मिश्रा ने बताया कि घने कोहरे में ट्रक के अचानक ब्रेक लगाने से यह दुर्घटना हुई। उन्होंने कहा कि समय पर राहत कार्य होने से एक बड़ी घटना टल गई। पांच लोगों को मामूली चोटें आई हैं और अब एक्सप्रेसवे पर यातायात सामान्य रूप से संचालित किया जा रहा है।