कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अजय राय ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पर गंभीर आरोप लगाते हुए गोरखनाथ मठ में आने वाले चढ़ावे की स्वतंत्र जांच की मांग की है। वाराणसी स्थित अपने कैंप कार्यालय में मीडिया से बातचीत करते हुए अजय राय ने कहा कि मुख्यमंत्री बनने से पहले और मुख्यमंत्री बनने के बाद तक गोरखनाथ मठ में कितना चढ़ावा आया, इसकी पूरी जांच होनी चाहिए। उन्होंने विशेष रूप से सोने के चढ़ावे को लेकर पारदर्शिता पर सवाल उठाए।
अजय राय ने कहा कि योगी आदित्यनाथ की सरकार ने हाल ही में उत्तर प्रदेश में मदरसों की फंडिंग की जांच कराने के आदेश दिए हैं। ऐसे में यदि सरकार पारदर्शिता की बात कर रही है तो यही नियम गोरखनाथ मठ पर भी लागू होना चाहिए। उन्होंने सवाल उठाया कि जब मदरसों की आय और खर्च की जांच हो सकती है, तो गोरखनाथ मठ में आने वाले चढ़ावे की जांच क्यों नहीं कराई जा सकती। राय ने आरोप लगाया कि पहले मठ में नकद चढ़ावा आता था, लेकिन अब कथित तौर पर सोने का चढ़ावा लिया जा रहा है, जिसकी कोई सार्वजनिक जानकारी उपलब्ध नहीं है।
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि गोरखनाथ मठ एक आस्था का बड़ा केंद्र है और लाखों श्रद्धालु वहां विश्वास के साथ चढ़ावा चढ़ाते हैं। ऐसे में यह आवश्यक है कि मठ में आने वाली धनराशि और अन्य कीमती चढ़ावे का लेखा जोखा सार्वजनिक हो। उन्होंने कहा कि यदि सरकार वास्तव में ईमानदारी और सुशासन की बात करती है तो उसे इस मुद्दे से पीछे नहीं हटना चाहिए। अजय राय ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि एक स्वतंत्र और निष्पक्ष जांच से ही जनता का भरोसा कायम रह सकता है।
मीडिया से बातचीत के दौरान अजय राय ने केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री अंतरराष्ट्रीय मंचों पर अमेरिका के सामने नतमस्तक हो चुके हैं और देश की जनता महंगाई बेरोजगारी और सुरक्षा जैसे मुद्दों से परेशान है। राय ने यह भी आरोप लगाया कि जब कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने संसद में देश की सुरक्षा से जुड़े सवाल उठाने की कोशिश की, तो उन्हें बोलने नहीं दिया गया, जो संविधान के मूल्यों के खिलाफ है।
इन्हीं मुद्दों को लेकर कांग्रेस पार्टी अब जनता के बीच संविधान और लोकतंत्र की बात रखने जा रही है। अजय राय ने बताया कि कांग्रेस द्वारा संविधान संवाद सम्मेलन का आयोजन किया जा रहा है। इस क्रम में 8 फरवरी को वाराणसी के शास्त्री घाट पर एक बड़ा कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि इस कार्यक्रम में प्रदेश के पांच सांसद शामिल होंगे और काशी की बड़ी संख्या में जनता की भागीदारी होगी। सम्मेलन के माध्यम से कांग्रेस संविधान धर्म जाति और भाषा के नाम पर हो रहे कथित खिलवाड़ को जनता के सामने उजागर करेगी।
अजय राय ने कहा कि वर्तमान सरकार को अपने कार्यों का जवाब देना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि योगी सरकार की नीतियों के कारण आम जनता परेशान है और सरकार जनता की समस्याओं पर ध्यान देने के बजाय ध्यान भटकाने वाले मुद्दे उठा रही है। उन्होंने कहा कि बेरोजगारी महंगाई कानून व्यवस्था और किसानों की समस्याओं पर सरकार के पास कोई ठोस जवाब नहीं है।
गोरखनाथ मठ के चढ़ावे की जांच की मांग को दोहराते हुए अजय राय ने कहा कि जब तक इस मामले में पारदर्शिता नहीं लाई जाती, तब तक लोगों का भरोसा कमजोर होता जाएगा। उन्होंने कहा कि यह केवल राजनीतिक मुद्दा नहीं है, बल्कि आस्था और विश्वास से जुड़ा विषय है। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने स्पष्ट किया कि उनकी पार्टी इस मुद्दे को लगातार उठाती रहेगी और सरकार को जवाबदेह बनाएगी।
अंत में अजय राय ने कहा कि कांग्रेस का उद्देश्य टकराव नहीं बल्कि लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा है। उन्होंने जनता से अपील की कि वह संविधान संवाद सम्मेलन में भाग लेकर अपनी आवाज बुलंद करे और लोकतंत्र को मजबूत करने में सहयोग दे
