मिर्जामुराद (वाराणसी): कुदरत का खेल भी बड़ा अजीब होता है, कभी वह दामन को खुशियों से भर देता है तो कभी पल भर में सब कुछ छीन कर जीवन भर का गम दे जाता है। कुछ ऐसा ही हृदय-विदारक घटनाक्रम वाराणसी जिले के मिर्जामुराद क्षेत्र अंतर्गत बेनीपुर गांव में देखने को मिला, जहाँ एक हंसते-खेलते परिवार की खुशियां मातम में बदल गईं। यहाँ कड़ाके की ठंड से अपने जिगर के टुकड़े को बचाने की कोशिश ही उसकी मौत का सबब बन गई। शुक्रवार की सुबह रजाई के अंदर दम घुटने से महज 25 दिन के दुधमुंहे बच्चे की दर्दनाक मौत हो गई। जिस घर में कल तक बधाई गीत और सोहर गूंज रहे थे, वहां अब सिर्फ माँ की चीत्कार और परिजनों के रोने की आवाजें सुनाई दे रही हैं।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, बेनीपुर निवासी राहुल कुमार और सुधा देवी का दांपत्य जीवन खुशियों से भरा हुआ था। शादी के लगभग दो वर्ष के इंतजार के बाद उनके आंगन में पहले संतान के रूप में पुत्र रत्न की प्राप्ति हुई थी। अभी 25 दिन पहले ही बच्चे का जन्म हुआ था और परिवार में जश्न का माहौल था। बरही और मंगल- गान का दौर चल रहा था, और हर कोई नवजात के आगमन की खुशी मना रहा था। लेकिन गुरुवार की देर रात विधि को कुछ और ही मंजूर था। परिजनों ने बताया कि रात में कड़ाके की ठंड थी। माँ सुधा देवी ने बच्चे को दूध पिलाया और उसे ठंड से बचाने के लिए रजाई ओढ़ाकर अपने पास सुला लिया। रात भर माँ और बच्चा रजाई की गर्मी में सोते रहे, लेकिन किसी को अंदाजा नहीं था कि यह रजाई उस मासूम के लिए काल बन जाएगी।
शुक्रवार की सुबह जब सुधा देवी की आंख खुली, तो उन्होंने देखा कि उनका लाडला कोई हरकत नहीं कर रहा है। अमूमन सुबह उठते ही रोने या हाथ-पांव चलाने वाला बच्चा एकदम शांत पड़ा था। अनहोनी की आशंका से घबराई माँ ने उसे हिलाया-डुलाया, लेकिन बच्चे के शरीर में कोई हलचल नहीं हुई। बदहवास सुधा ने तुरंत अपने पति राहुल को जगाया। बच्चे की हालत देखते ही घर में कोहराम मच गया। परिजन आनन-फानन में बच्चे को लेकर मोहनसराय स्थित एक निजी अस्पताल की ओर भागे, जहाँ डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। डॉक्टरों के मुताबिक, रजाई के अंदर ऑक्सीजन की कमी और दम घुटने (Asphyxia) से बच्चे की सांसें थम चुकी थीं।
अस्पताल से जैसे ही यह मनहूस खबर गांव पहुंची, वहां सन्नाटा पसर गया। बच्चे का शव घर पहुंचते ही जो दृश्य उपस्थित हुआ, उसे देख कर पत्थर दिल भी पिघल गए। जिस माँ की गोद अभी कुछ दिन पहले ही हरी हुई थी, वह अब अपने बच्चे के शव से लिपट कर बेसुध हो चुकी थी। राहुल कुमार, जो पिता बनने का सुख अभी ठीक से भोग भी नहीं पाए थे, उनकी आंखों के आंसू थमने का नाम नहीं ले रहे थे। उन्होंने रोते हुए बताया कि दो साल की मन्नतों के बाद यह खुशी मिली थी, लेकिन एक ही रात में सब कुछ खत्म हो गया। घटना की खबर सुनकर आसपास के ग्रामीणों की भारी भीड़ जमा हो गई और हर कोई इस दर्दनाक हादसे पर अपनी संवेदना व्यक्त कर रहा था। बाद में गमगीन माहौल के बीच परिजनों ने गंगा नदी के तट पर विधि-विधान के साथ मासूम के शव को प्रवाहित कर अंतिम विदाई दी।
"न्यूज रिपोर्ट" सभी पाठकों से अपील करता है, कि सर्दियों में नवजात शिशुओं को भारी रजाई में सुलाने से बचें और उनका चेहरा ढकने के बजाय उन्हें गर्म कपड़े पहनाकर सुलाएं, ताकि उन्हें सांस लेने में तकलीफ न हो।
वाराणसी: सर्द रात का कहर, माँ की ममता की छांव ही बनी मासूम का काल, रजाई में दम घुटने से नवजात हुई मौत

वाराणसी के मिर्जामुराद में ठंड से बचाने के दौरान रजाई में दम घुटने से 25 दिन के नवजात बच्चे की मौत हो गई, जिससे परिवार में मातम छा गया।
Category: uttar pradesh varanasi tragic incident
LATEST NEWS
-
वाराणसी: पूर्व सैनिकों के सम्मान पर रार, स्टेशन हेडक्वार्टर पर पक्षपात का आरोप
वाराणसी में इंडियन वेटरन्स ऑर्गेनाइजेशन ने स्टेशन हेडक्वार्टर पर पूर्व सैनिकों से पक्षपात व उपेक्षा का आरोप लगाया।
BY : SANDEEP KR SRIVASTAVA | 13 Jan 2026, 08:53 PM
-
वाराणसी: विधायक सौरभ श्रीवास्तव ने दी लाखों की सौगात, नाली व सड़क निर्माण कार्यों का किया लोकार्पण और शिलान्यास
विधायक सौरभ श्रीवास्तव ने वाराणसी के रामपुर भीटी में ₹50.55 लाख के सड़क नाली कार्यों का लोकार्पण कर जनता को जलभराव से राहत दी।
BY : SANDEEP KR SRIVASTAVA | 13 Jan 2026, 08:16 PM
-
वाराणसी: रामनगर में जर्जर बिजली तारों के खिलाफ सपा का उग्र प्रदर्शन, एसडीओ ने दिया आश्वासन
रामनगर, वाराणसी में बिजली विभाग की लापरवाही के खिलाफ जनता का प्रदर्शन, एसडीओ ने 2 दिन में मरम्मत का लिखित आश्वासन दिया।
BY : SANDEEP KR SRIVASTAVA | 13 Jan 2026, 04:13 PM
-
आईआईटी बीएचयू ने स्टार्टअप सीड फंड समारोह में आठ स्टार्टअप्स को करोड़ों की फंडिंग दी
आईआईटी बीएचयू ने नवाचार को बढ़ावा देने के लिए आठ स्टार्टअप्स को एक करोड़ अस्सी लाख से अधिक की सीड फंडिंग प्रदान की है।
BY : Palak Yadav | 13 Jan 2026, 01:27 PM
-
केंद्रीय बजट से पहले घाटे का बजट चर्चा में, जानें इसके नफा-नुकसान
एक फरवरी को केंद्रीय बजट पेश होगा, जिसके साथ घाटे के बजट की चर्चा तेज है; यह हमेशा नकारात्मक नहीं होता।
BY : Palak Yadav | 13 Jan 2026, 01:18 PM