- बेला थाना के पास एएसआइ को गोली मारने वाला बदमाश मुठभेड़ में ढेर, दिनदहाड़े हुई वारदात से सनसनी
- एटीएम फ्राड गिरोह की तलाश में थी पुलिस टीम
- बदमाश ने पुलिस पर की फायरिंग
- सड़क पर हुई हाथापाई, भीड़ ने की पिटाई
- हथियार और डेबिट कार्ड बरामद
- अभिरक्षा से भागने की कोशिश, मुठभेड़ में घायल
- घायल एएसआइ की हालत स्थिर
- दर्जनभर से अधिक आपराधिक मामले
बेला थाना के पास एएसआइ को गोली मारने वाला बदमाश मुठभेड़ में ढेर, दिनदहाड़े हुई वारदात से सनसनी
मंगलवार को बेला थाना से कुछ ही दूरी पर दिनदहाड़े हुई फायरिंग की घटना से इलाके में सनसनी फैल गई। एएसआइ विकास कुमार सिंह को गोली मारने वाले आरोपित बदमाश पप्पू सहनी को पुलिस ने बाद की कार्रवाई में मुठभेड़ के दौरान मार गिराया। सिटी एसपी मोहिबुल्लाह अंसारी ने बदमाश की मौत की पुष्टि की है। घटना शिव साई मंदिर के पास मुख्य सड़क पर हुई, जहां एटीएम फ्राड गिरोह की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम छापेमारी कर रही थी।
एटीएम फ्राड गिरोह की तलाश में थी पुलिस टीम
जानकारी के अनुसार बेला इलाके में एटीएम फ्राड की लगातार हो रही घटनाओं को देखते हुए एसएसपी के निर्देश पर विशेष टीम गठित की गई थी। टीम संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दे रही थी। मंगलवार की सुबह शिव साई मंदिर के पास पुलिस टीम एक संदिग्ध की गिरफ्तारी के लिए पहुंची थी।
बदमाश ने पुलिस पर की फायरिंग
छापेमारी के दौरान मीनापुर थाना क्षेत्र के पानापुर ओपी अंतर्गत मनिकपुर निवासी पप्पू सहनी ने पुलिस टीम पर अचानक फायरिंग कर दी। गोली एएसआइ विकास कुमार सिंह के पेट में लगी। घायल होने के बावजूद उन्होंने साहस का परिचय देते हुए अन्य पुलिसकर्मी के साथ मिलकर बदमाश को दबोच लिया।
सड़क पर हुई हाथापाई, भीड़ ने की पिटाई
फायरिंग के बाद बदमाश और पुलिसकर्मियों के बीच सड़क पर ही हाथापाई होने लगी। शोर सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंच गए। गुस्साए स्थानीय लोगों ने बदमाश की पिटाई कर दी। बाद में पुलिस ने उसे अभिरक्षा में लेकर थाना पहुंचाया।
हथियार और डेबिट कार्ड बरामद
पुलिस ने आरोपित के पास से एक पिस्टल, एक खोखा 7.65 एमएम, घटना में प्रयुक्त एक बाइक और 22 डेबिट कार्ड बरामद किए। प्रारंभिक जांच में यह आशंका जताई गई कि वह एटीएम फ्राड गिरोह से जुड़ा था। पूछताछ में उसने दो अन्य सहयोगियों के मिठनपुरा थाना क्षेत्र में किराए के मकान में छिपे होने की जानकारी दी।
अभिरक्षा से भागने की कोशिश, मुठभेड़ में घायल
पुलिस टीम जब उसे छापेमारी के लिए वाहन में बैठा रही थी, उसी दौरान उसने हथकड़ी छुड़ाकर अभिरक्षा में मौजूद पुलिस अधिकारी की पिस्टल छीनने का प्रयास किया। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए बेला थानाध्यक्ष ने आत्मरक्षा में नियंत्रित फायरिंग की, जिसमें पप्पू सहनी के दोनों पैरों में गोली लगी। उसे पुलिस अभिरक्षा में एसकेएमसीएच में भर्ती कराया गया, जहां देर शाम उसकी मौत हो गई।
घायल एएसआइ की हालत स्थिर
गोली लगने से घायल एएसआइ विकास कुमार सिंह को बैरिया स्थित एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। चिकित्सकों के अनुसार उनकी स्थिति खतरे से बाहर है। तिरहुत रेंज के डीआइजी चंदन कुमार कुशवाहा और एसएसपी कांतेश कुमार मिश्रा सहित अन्य वरिष्ठ पुलिस अधिकारी अस्पताल पहुंचे और घायल पुलिसकर्मी का हालचाल जाना।
दर्जनभर से अधिक आपराधिक मामले
पुलिस के अनुसार पप्पू सहनी पर पूर्व से दर्जनभर से अधिक आपराधिक मामले दर्ज थे। वह लंबे समय से आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त था। घटना के बाद एफएसएल टीम ने मौके पर पहुंचकर साक्ष्य संकलित किए और पूरे घटनाक्रम की जांच शुरू कर दी है।
दिनदहाड़े हुई इस वारदात ने कानून व्यवस्था को लेकर सवाल खड़े किए हैं। पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि अपराधियों के विरुद्ध अभियान जारी रहेगा और किसी भी हमले का मुंहतोड़ जवाब दिया जाएगा।
