News Report
TRUTH BEHIND THE NEWS

वाराणसी: देर रात ट्रेन की चपेट में आने से युवक की मौत, पुलिस को आत्महत्या का शक

वाराणसी: देर रात ट्रेन की चपेट में आने से युवक की मौत, पुलिस को आत्महत्या का शक

वाराणसी के जंसा में देर रात ट्रेन की चपेट में आने से युवक अजय पटेल की दर्दनाक मौत हो गई, पुलिस को आत्महत्या का संदेह है।

वाराणसी के जंसा थाना क्षेत्र में रविवार देर रात एक दर्दनाक हादसा सामने आया, जिसमें एक युवक की ट्रेन की चपेट में आने से मृत्यु हो गई। यह घटना सारंगपुर क्षेत्र, जिसे स्थानीय लोग चकछेलवा के नाम से भी जानते हैं, के रेलवे ट्रैक पर लगभग रात 11 बजे हुई। देर रात हुई इस घटना ने पूरे क्षेत्र में शोक और चिंता का माहौल पैदा कर दिया है। प्राथमिक जांच के आधार पर पुलिस इसे आत्महत्या की ओर इशारा करने वाला मामला मान रही है, हालांकि अधिकारियों का कहना है कि सभी पहलुओं पर जांच जारी है।

मृतक की पहचान खरगूपुर गांव निवासी अजय पटेल के रूप में की गई है। वह त्रिभुवन पटेल का पुत्र था। परिजनों और स्थानीय लोगों से मिली जानकारी के अनुसार, अजय रविवार देर रात किसी मोबाइल नंबर पर काफी समय तक बातचीत कर रहा था। लंबे समय तक चली फोन वार्ता के बाद वह घर से निकला और सीधे रेलवे ट्रैक की दिशा में चला गया। इसी दौरान तेज रफ्तार ट्रेन की चपेट में आकर उसकी मौके पर ही मौत हो गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि आसपास के कुछ लोगों ने आवाज सुनकर घटना स्थल की ओर जाने की कोशिश की, लेकिन रात का अंधेरा और तेज हवा के कारण उन्हें स्पष्ट जानकारी नहीं मिली।

परिजन रात भर अपने स्तर पर अजय की तलाश करते रहे। कई घंटों बाद जब उन्होंने रेलवे ट्रैक के पास खोजबीन की, तो अजय का शव उन्हें ट्रैक के किनारे पड़ा मिला। यह दृश्य देखकर परिवार के लोग बदहवास हो गए और तत्काल पुलिस को सूचना दी गई। सूचना मिलते ही जंसा थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने आवश्यक कार्रवाई करते हुए शव को कब्जे में लिया और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।

जंसा थाना प्रभारी अनिल कुमार शर्मा ने बताया कि प्रारंभिक जांच में यह घटना आत्महत्या प्रतीत हो रही है। हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि यह केवल शुरुआती निष्कर्ष है और पूरी जांच के बाद ही स्पष्ट सत्य सामने आएगा। पुलिस मोबाइल कॉल डिटेल, स्थान जानकारी और परिवार से बातचीत के आधार पर घटना से जुड़ी परिस्थितियों को समझने की कोशिश कर रही है। थाना प्रभारी ने कहा कि रेलवे ट्रैक के आसपास लोगों को सतर्क रहना चाहिए, क्योंकि देर रात की परिस्थितियां अक्सर ऐसे हादसों का कारण बन जाती हैं।

स्थानीय लोगों ने भी इस घटना पर दुख जताते हुए कहा कि रेलवे ट्रैक के पास सुरक्षा व्यवस्था और निगरानी और मजबूत होनी चाहिए। ग्रामीणों का कहना है कि आए दिन लोग ट्रैक पार करते हैं या आसपास से गुजरते हैं, जिसके कारण खतरा हमेशा बना रहता है। उन्होंने प्रशासन से अपील की कि ऐसे संवेदनशील स्थानों पर सुरक्षा बोर्ड, चेतावनी संकेत और नियमित गश्त बढ़ाई जाए। क्षेत्र में फैले शोक के बीच परिवारजन हर किसी से यही पूछ रहे हैं कि आखिर अजय इतने गहरे तनाव में क्यों था और लंबे मोबाइल वार्तालाप के बाद वह ट्रैक पर पहुंचने के लिए क्यों मजबूर हुआ।

पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और मोबाइल की जांच इस मामले में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगी। फिलहाल पुलिस मामले को संवेदनशील मानते हुए हर कोण से तथ्य जुटाने में लगी हुई है। परिवारजन और ग्रामीणों की ओर से भी पुलिस को सहयोग दिया जा रहा है। प्रशासन ने लोगों से रेलवे ट्रैक के आसपास अनावश्यक आवाजाही न करने और सतर्क रहने की अपील की है।

FOLLOW WHATSAPP CHANNEL

LATEST NEWS