जनपद बलिया के थाना हल्दी क्षेत्र में अपहरण के एक मामले में पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। थाना हल्दी पुलिस ने अपहरण के आरोप में वांछित चल रहे एक युवक को गिरफ्तार कर न्यायालय भेज दिया है। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक बलिया श्री ओमवीर सिंह के निर्देशन में अपराध और अपराधियों के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के तहत की गई।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, श्रीमान अपर पुलिस अधीक्षक दक्षिणी श्री कृपा शंकर के निकट पर्यवेक्षण तथा क्षेत्राधिकारी बैरिया श्री मो फहीम कुरैशी और प्रभारी निरीक्षक हल्दी श्री राजेन्द्र प्रसाद सिंह के कुशल नेतृत्व में थाना हल्दी पुलिस टीम लगातार वांछित अभियुक्तों की गिरफ्तारी के लिए क्षेत्र में सक्रिय थी। इसी क्रम में दिनांक 06 फरवरी 2026 को उप निरीक्षक सुभाषचन्द्र यादव अपने हमराही मुख्य आरक्षी योगेन्द्र यादव के साथ थाना क्षेत्र में गश्त और संदिग्धों की तलाश में रवाना हुए थे।
गश्त के दौरान पुलिस टीम को मुखबिर खास से सूचना प्राप्त हुई कि मु0अ0सं0 18 2026 धारा 137(2) और 87 बीएनएस से संबंधित वांछित अभियुक्त नीरुपुर चौराहे के आसपास मौजूद है और कहीं भागने की फिराक में है। सूचना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस टीम ने तत्काल घेराबंदी की और नीरुपुर चौराहे के पास से अभियुक्त मंजीत प्रसाद पुत्र महेश प्रसाद निवासी रेपुरा थाना हल्दी जनपद बलिया उम्र 19 वर्ष को सुबह करीब 10.30 बजे गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार अभियुक्त अपहरण के मामले में वांछित चल रहा था और लंबे समय से उसकी तलाश की जा रही थी। गिरफ्तारी के बाद अभियुक्त से पूछताछ की गई, जिसमें उसने प्रारंभिक पूछताछ में अपने कृत्य को स्वीकार किया है। पुलिस ने अभियुक्त के विरुद्ध आवश्यक विधिक कार्रवाई पूरी करते हुए उसे माननीय न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत करने के लिए भेज दिया है।
थाना हल्दी पुलिस द्वारा बताया गया कि संबंधित मुकदमा मु0अ0सं0 18/2026 धारा 137(2),87 बीएनएस थाना हल्दी जनपद बलिया में पंजीकृत है। इस मामले में आगे की विवेचना नियमानुसार जारी है, ताकि घटना से जुड़े सभी पहलुओं की गहन जांच की जा सके और यदि अन्य कोई संलिप्त व्यक्ति सामने आता है तो उसके विरुद्ध भी कार्रवाई की जा सके।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जनपद में कानून व्यवस्था बनाए रखने और आम जनता को सुरक्षित माहौल उपलब्ध कराने के लिए अपराधियों के खिलाफ सख्त अभियान लगातार जारी रहेगा। अपहरण जैसे गंभीर अपराधों में किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं बरती जाएगी और वांछित अभियुक्तों को जल्द से जल्द गिरफ्तार कर कानून के दायरे में लाया जाएगा।
इस पूरी कार्रवाई में उप निरीक्षक सुभाषचन्द्र यादव और मुख्य आरक्षी योगेन्द्र यादव की अहम भूमिका रही, जिनकी तत्परता से अभियुक्त की गिरफ्तारी संभव हो सकी। पुलिस प्रशासन ने टीम की सराहना करते हुए भविष्य में भी इसी तरह सक्रियता के साथ कार्य करने के निर्देश दिए हैं।
