वाराणसी में चिप्स बिस्कुट की दुकान में गांजे का बड़ा धंधा पकड़ा गया
अमित मिश्रा की रिपोर्ट:
वाराणसी उत्तर प्रदेश में चितईपुर थाना क्षेत्र के मालिहान बस्ती इलाके में चिप्स बिस्कुट की एक सामान्य दिखने वाली दुकान पर पुलिस ने अवैध गांजे के व्यापार का भंडाफोड किया है। यह घटना स्थानीय लोगों के लिए हैरानी का विषय बनी हुई है। पुलिस ने इस छापेमारी में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है और गांजे की महत्वपूर्ण मात्रा बरामद की है। इस गंभीर मामले के पीछे गांजे की आपूर्ति और वितरण का बड़ा नेटवर्क होने का संदेह जताया जा रहा है।
एसीपी गौरव कुमार के नेतृत्व में कार्रवाई
वाराणसी के अतिरिक्त पुलिस आयुक्त गौरव कुमार के नेतृत्व में एक विशेष टीम ने अवैध मादक पदार्थों के खिलाफ जारी कार्रवाई के तहत इस दुकान पर सोमवार सुबह छापा मारा। टीम को स्थानीय मुखबिर से सूचना मिली थी कि मालिहान बस्ती स्थित यह दुकान केवल खाद्य सामग्री नहीं बेचती बल्कि उसके अंदर गांजे जैसे प्रतिबंधित मादक पदार्थ का गुप्त व्यापार हो रहा है। पुलिस ने जब नियमित जांच की तो संदिग्ध पैकेट और पैकेजिंग के आधार पर दुकान का गहन निरीक्षण किया। जांच के दौरान पुलिस को गांजे के पाउडर और पैकेटों के रूप में बड़ी मात्रा में मादक पदार्थ बरामद हुआ।
पुलिस सूत्रों के अनुसार बरामद गांजे की मात्रा अभी विस्तृत जांच के लिए पुलिस द्वारा गिनी जा रही है लेकिन प्रारंभिक आंकडों से यह स्पष्ट हुआ है कि यह सिर्फ खुदरा बिक्री के लिए नहीं बल्कि थोक स्तर पर सप्लाई के लिए रखा गया था। तीन संदिग्धों को मौके से हिरासत में लिया गया है जिनसे इस मामले के सभी पहलुओं पर पूछताछ की जा रही है।
आरोपियों की पहचान और आपराधिक कनेक्शन
पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों की पहचान सार्वजनिक रूप से नहीं की है क्योंकि जांच अभी शुरुआती चरण में है। हालांकि पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इन आरोपियों का न केवल स्थानीय युवाओं को गांजा सप्लाई करने में हाथ है बल्कि इनके पास आसपास के इलाकों के सप्लायर्स के संपर्क संबंध भी हैं। जांच अधिकारियों ने बताया कि आरोपियों के मोबाइल फोन रिकॉर्ड और लेनदेन से संबंधित दस्तावेज जब्त कर लिए गए हैं जिनकी जांच की जा रही है।
पुलिस NDPS यानि मादक द्रव्यों और मनोरोग पदार्थ अधिनियम के तहत आरोपियों के खिलाफ सख्त धाराओं में मामला दर्ज कर चुकी है और आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। यह मामला इस बात को भी उजागर करता है कि किस प्रकार मामूली दिखने वाले परिचित व्यवसायों का उपयोग अवैध व्यापार के लिए किया जा रहा है।
स्थानीय लोगों की प्रतिक्रिया
मालिहान बस्ती के निवासी और आसपास के दुकानदार इस घटना से चौंके हुए हैं। स्थानीय लोगों ने बताया कि यह चिप्स बिस्कुट की दुकान कई वर्ष से इलाके में संचालित थी और ग्राहकों को सामान्य खाद्य सामग्री बेचती थी। किसी ने भी यह नहीं सोचा था कि इसके अन्दर इस प्रकार की अवैध गतिविधियां एक लंबे समय से चल रही होंगी। कई लोगों ने कहा कि पुलिस की यह कार्रवाई स्वागत योग है और इससे इलाके में सुरक्षा और कानून व्यवस्था बेहतर होगी।
स्थानीय नागरिकों का सुझाव है कि इस तरह की जाँच और निगरानी जारी रहनी चाहिए ताकि भविष्य में इस प्रकार के अवैध व्यापार पर पूरा अंकुश लगाया जा सके। पुलिस प्रशासन ने भी स्थानीय समुदाय को आश्वस्त किया है कि सभी आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं और जांच को निष्पक्ष तथा विस्तार से पूरा किया जाएगा।
पुलिस की आगामी योजनाएं
पुलिस विभाग ने स्पष्ट किया है कि इस मामले की तह तक जाकर यह पता लगाया जाएगा कि यह नेटवर्क किस स्तर तक फैल गया था और कौन कौन आरोपी इससे जुड़े हैं। गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के आधार पर अन्य संभावित साजिशकर्ताओं और सप्लायर्स की पहचान की जाएगी और उन्हें भी न्याय के कटघरें में लाया जाएगा।
इस तरह के मामलों को समाप्त करने के लिए पुलिस ने मादक पदार्थों के खिलाफ सघन अभियान और जागरूकता अभियान तेज कर दिया है जिससे युवा वर्ग को इस घातक समस्या से बचाया जा सके।
LATEST NEWS