फतेहपुर जिले के किशुनपुर कस्बे से एक गंभीर मामला सामने आया है, जहां एक 16 वर्षीय नाबालिग किशोरी के अपहरण से इलाके में हड़कंप मच गया है। आरोप है कि किशोरी को उसका ही मामा बबलू सोनकर बहला फुसलाकर अपने साथ ले गया। तीन दिन तक लगातार खोजबीन के बावजूद किशोरी का कोई सुराग नहीं लगने पर परिजनों ने पुलिस का दरवाजा खटखटाया, जिसके बाद मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।
किशुनपुर कस्बे के एक मुहल्ले में रहने वाले किशोरी के पिता ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि वह रोजी रोटी के सिलसिले में मध्य प्रदेश में बर्तनों की फेरी लगाते हैं। घर पर उनकी पत्नी और बेटी ही रहती हैं। घटना वाले दिन बुधवार को वह बाहर थे और घर पर उनकी नाबालिग बेटी अकेली थी। इसी दौरान उनके छोटे भाई का साला बबलू सोनकर घर आया और किसी बहाने से किशोरी को अपने साथ ले गया।
शाम तक जब किशोरी घर नहीं लौटी तो मां को चिंता हुई। देर रात तक इंतजार करने के बाद वह बबलू के घर पहुंची, लेकिन वहां न तो बबलू मिला और न ही बेटी का कोई पता चला। इसके बाद परिजनों ने आसपास के रिश्तेदारों और परिचितों के यहां भी तलाश की, लेकिन किशोरी का कोई सुराग नहीं लग सका। मजबूर होकर मां ने पूरे घटनाक्रम की जानकारी अपने पति को फोन पर दी।
किशोरी के पिता ने पुलिस को यह भी बताया कि आरोपित बबलू सोनकर का आपराधिक इतिहास संदिग्ध रहा है। इससे पहले भी वह एक युवती को अगवा कर ले गया था और बाद में उसे पत्नी के रूप में अपने साथ रख लिया था। इसी कारण परिजन इस मामले को लेकर और भी आशंकित हैं तथा किशोरी की सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंता में हैं।
थानाध्यक्ष सत्यदेव गौतम ने बताया कि परिजनों की तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस टीम संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है और आरोपी की तलाश की जा रही है। उन्होंने कहा कि किशोरी की बरामदगी के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं और मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच तेजी से आगे बढ़ाई जा रही है।
