वाराणसी: चितईपुर थाना क्षेत्र स्थित सुंदरपुर इलाके में सोमवार की देर रात उस वक्त सनसनी फैल गई, जब एक सिरफिरे युवक ने सरेराह खूनी खेल खेला। मधुबन लॉन के पास लाइफ लाइन हॉस्पिटल के ठीक सामने, चंद रुपयों के विवाद में एक ऑटो चालक की पेपर कटर (ब्लेड) से गला रेतकर नृशंस हत्या कर दी गई। घटना की भयावहता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि हत्यारे ने चालक को संभलने का कोई मौका नहीं दिया और ताबड़तोड़ वार कर उसे मौत के घाट उतार दिया। इस वारदात ने पूरे इलाके को दहशत में डाल दिया, लेकिन स्थानीय दुकानदारों की सजगता और पुलिस की सूझबूझ ने आरोपी को भागने से पहले ही दबोच लिया।
प्रत्यक्षदर्शियों और स्थानीय लोगों से मिली जानकारी के मुताबिक, यह पूरा विवाद ऑटो के भीतर ही शुरू हुआ था। बताया जा रहा है कि ऑटो चालक और आरोपी के बीच पैसों के लेनदेन को लेकर तीखी बहस हो रही थी। उस वक्त किसी को अंदाजा नहीं था कि यह कहासुनी खून-खराबे में बदल जाएगी। विवाद बढ़ने पर आरोपी ने बेहद शातिराना अंदाज अपनाया और वह ऑटो की पिछली सीट पर जाकर बैठ गया। जैसे ही चालक का ध्यान हटा, आरोपी ने अपनी जेब से पेपर कटिंग में इस्तेमाल होने वाला धारदार ब्लेड निकाला और पीछे से ही चालक की गर्दन पर एक के बाद एक कई वार कर दिए। गले की नसें कट जाने के कारण खून का फव्वारा फूट पड़ा और करीब 30 वर्षीय अज्ञात चालक ने तड़पते हुए मौके पर ही दम तोड़ दिया।
वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी ने खून से लथपथ शव को सड़क किनारे फेंक दिया और वहां से फरार होने की कोशिश करने लगा। हालांकि, आसपास के दुकानदार और राहगीर इस घटना से सहमने के बजाय हिम्मत दिखाते हुए आरोपी के पीछे दौड़ पड़े। उन्होंने तुरंत पुलिस को सूचना दी और हत्यारे का पीछा करना शुरू कर दिया। घबराया हुआ आरोपी भीड़ से बचकर भागते हुए घटनास्थल से करीब 200 मीटर दूर स्थित अपने घर में जा घुसा। स्थानीय नागरिकों की इसी तत्परता ने पुलिस के लिए रास्ता आसान कर दिया, क्योंकि सूचना मिलते ही पुलिस की पीआरवी (PRV) और स्थानीय थाने की फोर्स चंद मिनटों में मौके पर पहुंच गई।
पुलिस जब आरोपी को गिरफ्तार करने उसके घर पहुंची, तो वहां का नजारा बेहद तनावपूर्ण हो गया। खुद को घिरता देख आरोपी हिंसक हो उठा और उसने पुलिस टीम पर भी चाकू/ब्लेड से हमला करने का प्रयास किया। स्थिति की गंभीरता को भांपते हुए पुलिसकर्मियों ने तुरंत अपनी रणनीति बदली। उन्होंने आरोपी को सीधे पकड़ने के बजाय उस पर एक कंबल (चादर) फेंक दिया, जिससे वह उलझ गया और उसका ध्यान भटक गया। इसी मौके का फायदा उठाते हुए पुलिस जवानों ने उसे दबोच लिया और हिरासत में ले लिया। पुलिस की इस त्वरित और सूझबूझ भरी कार्रवाई की इलाके में चर्चा हो रही है।
शिनाख्त की गुत्थी: आरोपी विष्णु गिरफ्त में, मृतक की पहचान बाकी
पुलिस की प्रारंभिक पूछताछ में आरोपी ने अपना नाम विष्णु बताया है। वह मानसिक रूप से विक्षिप्त है या उसने किसी रंजिश में ऐसा किया, पुलिस इसकी गहराई से जांच कर रही है। वहीं, मृतक ऑटो चालक की पहचान अब तक नहीं हो सकी है। पुलिस ने जब ऑटो के दस्तावेजों की जांच की, तो पता चला कि वह अशोक विहार कॉलोनी निवासी महेश यादव के नाम पर पंजीकृत है। अब पुलिस ऑटो मालिक के जरिए मृतक चालक की पहचान करने और उसके परिजनों तक पहुंचने की कोशिश में जुटी है।
आला अधिकारियों का जमावड़ा, फोरेंसिक जांच शुरू
वारदात की सूचना मिलते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। एसीपी भेलूपुर गौरव कुमार तुरंत लंका, भेलूपुर और चितईपुर थाने की फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे। इसके कुछ ही देर बाद एडीसीपी काशी जोन ने भी घटनास्थल का निरीक्षण किया और मातहतों को जरूरी दिशा-निर्देश दिए। एडीसीपी ने मीडिया को बताया कि हत्यारोपी पुलिस की हिरासत में है और हत्या में इस्तेमाल हथियार बरामद कर लिया गया है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पूरे इलाके में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। पुलिस का दावा है कि इस जघन्य हत्याकांड में आरोपी को सख्त से सख्त सजा दिलाने के लिए मजबूत पैरवी की जाएगी।
